जयपुर , मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्रियों के साथ उच्च स्तरीय बैठकों का सिलसिला जारी रखा। इस दौरान राजस्थान की लाइफलाइन मानी जाने वाली सड़क परियोजनाओं और वर्षों से लंबित जल संकट के समाधान पर निर्णायक चर्चा हुई।
हाईवे और रिंग रोड: राजस्थान की रफ्तार को मिलेगी नई ऊंचाई
मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से उनके आवास पर मुलाकात की। इस बैठक में जयपुर के बुनियादी ढांचे को बदलने वाले उत्तरी रिंग रोड (99.35 किमी) प्रोजेक्ट पर विशेष मंथन हुआ। साथ ही जयपुर-अमृतसर और जामनगर कॉरिडोर के तीव्र क्रियान्वयन को लेकर रणनीति तैयार की गई।
बैठक के मुख्य बिंदु:
- भिवाड़ी जल भराव: भिवाड़ी में फैक्ट्रियों के प्रदूषित पानी के कारण होने वाले जल भराव की समस्या का स्थायी समाधान निकालने पर सहमति बनी। यहाँ CETP का निर्माण हो चुका है और जल्द ही STP का काम पूरा किया जाएगा।
- 200 करोड़ का नाला: नेशनल हाईवे पर पानी की निकासी के लिए 6 किमी लंबा नाला बनाया जाएगा, जिसका खर्च केंद्र, राजस्थान और हरियाणा मिलकर उठाएंगे।
यमुना जल समझौता: राजस्थान और हरियाणा के बीच समन्वय
मुख्यमंत्री शर्मा ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी के साथ केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल से मुलाकात की। इस दौरान यमुना जल समझौते के अंतर्गत राजस्थान को उसके हिस्से का पानी दिलाने, पाइपलाइन बिछाने की अग्रिम कार्य योजना और पेयजल प्रबंधन पर विस्तृत चर्चा हुई।
“प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विजन के अनुरूप राजस्थान की बुनियादी सुविधाओं को विश्वस्तरीय बनाना हमारी प्राथमिकता है। रिंग रोड और यमुना जल समझौता प्रदेश की तस्वीर बदलने वाले प्रोजेक्ट साबित होंगे।” — भजनलाल शर्मा, मुख्यमंत्री
