NEET UG 2026 Re- Exam के लिए NTA ने बड़ा फैसला लिया है। परीक्षा को स्टूडेंट फ्रेंडली बनाने के लिए नियमों में कुछ बदलाव किए गए हैं। दरअसल, NEET को लेकर जिस तरह के हालात बनें, उसके बाद से ही छात्रों में तनाव की स्थिति देखी जा रही है। छात्र और अभिभावक परीक्षा की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहे हैं। इसे देखते हुए और छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कुछ अहम निर्णय लिए गए हैं। ऐसे निर्णय जो एग्जाम हॉल में समय की कमी या अन्य कारण से पैनिक होने से बच्चों को बचाएंगे।
पुराने ढर्रे पर नहीं होगी एग्जाम, जानिए नए नियम
परीक्षा की कुल अवधि अब 195 मिनट

NEET की एग्जाम देने वाले बच्चों को अक्सर ये शिकायत रहती थी कि एग्जाम टाइम के दौरान निरीक्षक (Invigilator) जब अटेंडेंस शीट पर साइन करवाने, बायोमेट्रिक जांच करने या अन्य फॉर्मेलिटी करवाते हैं तो उनका कीमती टाइम बर्बाद हो जाता है। NTA ने इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए इलाज सा खोजा है। NTA ने NEET UG की कुल अवधि को बढ़ाकर 3 घंटे 15 मिनट यानि कुल 195 मिनट कर दिया है। परीक्षा अपने तय शेड्यूल के अनुसार दोपहर 2 बजे शुरू होगी लेकिन शाम को 5 बजे नहीं, 5 बजकर 15 मिनट (5:15PM) पर खत्म होगी। ये अतिरिक्त 15 मिनट बच्चों के लिए लाइफ सेवर से कम नहीं होंगे और वे अपने एग्जाम टाइम का बेहतर इस्तेमाल कर पाएंगे।
रफ वर्क के लिए NO घिचड़-पिचड़, मिलेगा एक्स्ट्रा स्पेस

छात्रों की लंबे वक्त से ये भी शिकायत थी कि फिजिक्स (Physics) और केमेस्ट्री (Chemistry) के लंबे कैलकुलेशन्स के लिए जगह कम मिलती है। ऐसे में कई छात्र बुकलेट के कोनों में छोटा-छोटा लिखकर रफ वर्क करते थे जिससे कई बार मिस्टेक्स की आशंका बन जाती थी। इस बार NTA ने बुकलेट में रफ वर्क के लिए मिलने वाली खाली जगह को बढ़ा दिया है। पहले इसके लिए पेज केवल प्रश्नपत्र के अंत में दिए जाते थे लेकिन अब शुरूआत में भी रफ वर्क के लिए पेज उपलब्ध होंगे। अब छात्र बिना हिचकिचाहट के कैलकुलेशन कर पाएंगे और जरूरी नोट्स बना सकेंगे।
NTA की लास्ट मोमेंट डिबेकल से बचने की सलाह
NTA ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे एडमिट कार्ड और इंफॉर्मेशन बुलेटिन में दिए गए सभी निर्देशों को ध्यान से पढ़ें और परीक्षा केंद्र पर नियमों का पालन करें। एजेंसी के अनुसार ये बदलाव परीक्षा प्रक्रिया को ज्यादा सुविधाजनक और उम्मीदवारों के अनुकूल बनाने के लिए किए गए हैं।