भीलवाड़ा: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए मध्यप्रदेश पुलिस के एक हेड कॉन्स्टेबल को भीलवाड़ा के एक होटल से 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी हेड कॉन्स्टेबल, जमीन धोखाधड़ी के एक मामले में आरोपी को बचाने और मामले में ‘सहयोग’ करने के एवज में यह घूस वसूल रहा था।
हथकड़ी पहनाकर घुमाने की दी थी धमकी
एसीबी महानिदेशक गुप्ता ने बताया कि आरोपी हेड कॉन्स्टेबल तपेश गोसाई ने मामले के आरोपी लियाकत के भाई से कुल 1 लाख 10 हजार रुपये की मांग की थी। इसमें से 10 हजार रुपये पहले ही लिए जा चुके थे। सोमवार को तपेश गोसाई, एएसआई कैलाश सैनी और एक अन्य कॉन्स्टेबल के साथ लियाकत को जांच के लिए भीलवाड़ा लाया था। सभी होटल के कमरा नंबर 104 में ठहरे थे। इस दौरान आरोपी ने धमकी दी कि यदि दूसरी किस्त नहीं मिली, तो वह लियाकत को हथकड़ी पहनाकर पूरे शहर में घुमाएगा।
होटल के कमरे में बिछाया गया जाल
शिकायत मिलने के बाद एसीबी की टीम सक्रिय हुई और उसी होटल के कमरा नंबर 105 में अपना जाल बिछाया। जैसे ही लियाकत के भाई ने तपेश गोसाई को 50 हजार रुपये की रिश्वत दी, एसीबी की टीम ने रेड कर दी और आरोपी को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
एसपी ने कही जांच की बात
रतलाम के एसपी अमित कुमार ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस रिश्वत कांड में एएसआई कैलाश सैनी और एक अन्य कॉन्स्टेबल की भूमिका अभी स्पष्ट नहीं है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की गहन जांच की जाएगी और उसके बाद ही वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।