जयपुरवासियों के लिए एक बड़ी और राहत भरी खबर है। शहर के सबसे चर्चित और बहुप्रतीक्षित सिविल लाइंस रेल ओवरब्रिज (ROB) का निर्माण कार्य अब अपने अंतिम पड़ाव पर है। जेडीए (JDA) अधिकारियों के अनुसार, जून के अंत तक निर्माण पूरा कर लिया जाएगा और जुलाई 2026 की शुरुआत में इसे आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा।
मुख्य आकर्षण और रूट
यह आरओबी जैकब रोड को सीधे जमनालाल बजाज मार्ग से जोड़ेगा। इसकी कुल लंबाई लगभग 700 मीटर है। इसके शुरू होने से सिविल लाइंस और आसपास के इलाकों में लगने वाले भारी ट्रैफिक जाम से लोगों को हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।
रेलवे की अनुमति और अंतिम चरण का काम
परियोजना का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा—रेलवे ट्रैक के ऊपर गर्डर डालना—अब शुरू होने वाला है।
- अनुमति: उत्तर पश्चिम रेलवे (NWR) से काम की मंजूरी मिल चुकी है।
- समय सीमा: गर्डर रखने का काम मात्र दो दिन चलेगा।
- ब्लॉक: ट्रेनों के संचालन में कम से कम बाधा आए, इसके लिए रेलवे ने 3-3 घंटे के दो ब्लॉक आवंटित किए हैं।
राजनीति और ‘इंतज़ार शास्त्र’
इस प्रोजेक्ट को लेकर हाल ही में सियासत भी खूब गरमाई थी। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने सोशल मीडिया कैंपेन ‘इंतज़ार शास्त्र’ के जरिए मौजूदा सरकार पर निशाना साधा था। उन्होंने तंज कसते हुए कहा था कि जो प्रोजेक्ट 2021 में शुरू हुआ था, वह 2026 तक भी पूरा नहीं हो पाया। गहलोत ने इसे सरकार की ‘सुस्ती’ और ‘राजनीतिक द्वेष’ का नतीजा बताया था।
देरी की क्या रही वजह?
जनवरी 2021 में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट को वैसे तो 18 महीनों में पूरा होना था, लेकिन इसे पूरे होने में 5 साल लग गए। इसके मुख्य कारण थे:
- कानूनी अड़चनें: जमनालाल बजाज मार्ग के कुछ संपत्ति मालिकों द्वारा हाईकोर्ट में मामला ले जाना।
- ठेकेदार विवाद: निर्माण एजेंसी और जेडीए के बीच हुए विवाद के कारण लंबे समय तक काम बंद रहा।
