भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने बुधवार को प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो सरकारी कर्मचारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पहली कार्रवाई बारां जिले में हुई जहाँ कृषि विभाग के एक उच्चाधिकारी को पकड़ा गया, वहीं दूसरी कार्रवाई पावटा में एक पटवारी के खिलाफ की गई।
रिटायरमेंट से ठीक पहले फँसे संयुक्त निदेशक
बारां में ACB की टीम ने कृषि विभाग (कृषि विस्तार) के संयुक्त निदेशक आनंदी लाल मीणा को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। उल्लेखनीय है कि आरोपी अधिकारी के सेवानिवृत्त होने में केवल तीन महीने का समय शेष था।
मामला: परिवादियों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि स्टॉक रजिस्टर वेरीफाई करने के बदले मीणा प्रति व्यक्ति 5-5 हजार रुपये की मांग कर रहे थे। शिकायत के सत्यापन के बाद ACB ने जाल बिछाया और मीणा को दो अलग-अलग परिवादियों से क्रमशः 5 हजार और 3 हजार रुपये (कुल 8 हजार) की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।
जमीन की रिपोर्ट के बदले मांग रहा था 80 हजार की घूस
एक अन्य कार्रवाई में भिवाड़ी ACB की टीम ने पावटा के भैंसलाना पटवार हल्का में तैनात पटवारी प्रमोद सामरिया को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया।
मामला: परिवादी की पैतृक जमीन के बंटवारे का फैसला कोर्ट से उसके पक्ष में आया था। इस मामले में रिपोर्ट तैयार करने की एवज में पटवारी प्रमोद सामरिया ने 80 हजार रुपये की मांग की थी। बुधवार को जब पटवारी रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 40 हजार रुपये ले रहा था, तभी ACB की टीम ने उसे दबोच लिया।
ACB की इन दोनों कार्रवाईयों से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। फिलहाल दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
