कोटा: कोटा संभाग के लिए शनिवार का दिन नई आशाओं और उपलब्धियों का सवेरा लेकर आया। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू की मौजूदगी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का शिलान्यास किया। प्रधानमंत्री ने अपने ‘वर्चुअल’ संबोधन में कहा कि करीब डेढ़ हजार करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह आधुनिक एयरपोर्ट पूरे क्षेत्र के विकास को नई ऊर्जा प्रदान करेगा। उन्होंने भावुक होते हुए याद दिलाया कि नवंबर 2023 में कोटा प्रवास के दौरान उन्होंने जनता से जो वादा किया था, आज उसे साकार करने का क्षण आ गया है। अब कोटा के लोगों को उड़ान भरने के लिए जयपुर या जोधपुर जाने की मजबूरी से मुक्ति मिलेगी।
ऊर्जा और आस्था का संगम: हाड़ौती की महत्ता पर बोले PM

प्रधानमंत्री ने कोटा को केवल शिक्षा का ही नहीं, बल्कि ऊर्जा का भी एक बड़ा केंद्र बताया। उन्होंने रेखांकित किया कि कोटा देश का वह अनूठा क्षेत्र है जहाँ न्यूक्लियर, कोयला, गैस और जल—ऊर्जा के सभी प्रमुख स्रोतों से बिजली का उत्पादन होता है। इसके साथ ही उन्होंने हाड़ौती की धरती को ‘उद्यम और आस्था’ का केंद्र बताते हुए श्री मथुराधीश जी की पावन पीठ, केशवराय पाटन के तीर्थ, खड़े गणेश जी और गोदावरी बालाजी धाम का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बेहतर हवाई कनेक्टिविटी से इन तीर्थस्थलों तक श्रद्धालुओं की पहुँच और सुगम हो जाएगी।
ओम बिरला की जमकर सराहना: ‘पक्ष-प्रतिपक्ष से ऊपर हैं स्पीकर’

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने कोटा के सांसद और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों की विशेष रूप से सराहना की। उन्होंने कहा कि बिरला जी जितने शानदार सांसद हैं, उतने ही बेहतरीन लोकसभा अध्यक्ष भी हैं, जो संविधान और संसदीय प्रणालियों के प्रति पूरी तरह समर्पित हैं। PM ने उन्हें एक ऐसा ‘सदन का मुखिया’ बताया जो सांसदों का सर्वाधिक सम्मान करते हैं और कड़वे बोल झेलकर भी सबको साथ लेकर चलते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोटा के विकास के लिए ओम बिरला लगातार सेवाभाव से काम कर रहे हैं।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और अमृत भारत स्टेशन: कनेक्टिविटी का नया जाल

प्रधानमंत्री ने क्षेत्र में चल रहे अन्य बुनियादी ढांचे के कार्यों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत कोटा के प्रमुख स्टेशनों को आधुनिक बनाया जा रहा है। साथ ही, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के कोटा और बूंदी से गुजरने के कारण अब दिल्ली, मुंबई और वडोदरा जैसे बड़े शहरों की दूरी महज कुछ घंटों की रह गई है। हवाई कनेक्टिविटी जुड़ने के बाद यह क्षेत्र विशेष रूप से ‘Agro-based Industry’ (कृषि आधारित उद्योगों) के लिए एक बड़ा हब बनेगा, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
प्रधानमंत्री के संबोधन की 10 बड़ी बातें (Table Summary)
| क्र.सं. | मुख्य बिंदु | प्रधानमंत्री का संदेश |
| 1 | वादे की पक्की गारंटी | नवंबर 2023 में किया गया वादा आज शिलान्यास के साथ पूरा हुआ। |
| 2 | हाड़ौती का नया युग | ₹1500 करोड़ का एयरपोर्ट क्षेत्र के विकास को नई गति देगा। |
| 3 | असुविधा का अंत | अब फ्लाइट के लिए जयपुर या जोधपुर जाने की मजबूरी खत्म होगी। |
| 4 | ऊर्जा का संगम | कोटा को न्यूक्लियर, कोयला, गैस और पानी से ऊर्जा का ‘अनूठा केंद्र’ बताया। |
| 5 | आस्था और श्रद्धा | श्री मथुराधीश, केशवराय पाटन और गोदावरी बालाजी के दर्शन सुलभ होंगे। |
| 6 | Connectivity हब | दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और अमृत भारत स्टेशन के साथ हवाई जुड़ाव। |
| 7 | आर्थिक क्रांति | Agro-based industries के लिए यह एयरपोर्ट मील का पत्थर साबित होगा। |
| 8 | सांसद ओम बिरला की तारीफ | बिरला के सेवाभाव और कोटा के लिए उनके लगातार प्रयासों की सराहना की। |
| 9 | संवैधानिक निष्ठा | बिरला को एक ‘पक्ष-प्रतिपक्ष’ से ऊपर रहने वाला शानदार अध्यक्ष बताया। |
| 10 | विरोधियों पर तंज | ‘अहंकारी और उत्पाती’ छात्रों (सांसदों) को संभालने के लिए बिरला के धैर्य की तारीफ। |
