अलवर में विकास कार्यों पर QR कोड से होगी निगरानी, सड़क सुरक्षा को लेकर भी बड़ा फैसला

अलवर। जिले में विकास कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने नई पहल शुरू करने का फैसला किया है। अब विभिन्न विभागों द्वारा कराए जा रहे विकास कार्यों की निगरानी QR कोड के माध्यम से की जाएगी। इसके साथ ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

बैठक की अध्यक्षता जिला कलक्टर ने की, जिसमें लोक निर्माण विभाग (PWD), राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, परिवहन विभाग, पुलिस और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में विकास कार्यों की प्रगति, सड़क सुरक्षा उपायों और आमजन की शिकायतों पर विस्तार से चर्चा की गई। (पत्रिका)

QR कोड से मिलेगी हर परियोजना की जानकारी

प्रशासन की नई व्यवस्था के तहत विकास कार्यों के स्थल पर QR कोड लगाए जाएंगे। कोई भी नागरिक अपने मोबाइल फोन से QR कोड स्कैन कर परियोजना से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त कर सकेगा।

QR कोड स्कैन करने पर लोगों को परियोजना का नाम, स्वीकृत लागत, कार्य एजेंसी, निर्माण अवधि, कार्य की वर्तमान स्थिति और संबंधित अधिकारी की जानकारी उपलब्ध होगी। इससे विकास कार्यों में पारदर्शिता बढ़ेगी और आमजन भी निगरानी प्रक्रिया का हिस्सा बन सकेंगे।

अधिकारियों का मानना है कि इस व्यवस्था से निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर नजर रखना आसान होगा और किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत तत्काल दर्ज कराई जा सकेगी।

सड़क सुरक्षा को लेकर जताई चिंता

बैठक में जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर भी चिंता व्यक्त की गई। अधिकारियों ने दुर्घटना संभावित ब्लैक स्पॉट्स की समीक्षा की और वहां आवश्यक सुधार कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।

सड़क सुरक्षा समिति ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि जहां संकेतक बोर्ड, स्पीड ब्रेकर, स्ट्रीट लाइट या सुरक्षा बैरियर की आवश्यकता है, वहां प्राथमिकता के आधार पर कार्य किया जाए। साथ ही राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर यातायात सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया।

ब्लैक स्पॉट्स पर विशेष फोकस

बैठक में दुर्घटना संभावित स्थानों की सूची पर चर्चा हुई। इन स्थानों पर सड़क चौड़ीकरण, चेतावनी संकेत, रिफ्लेक्टर, रोड मार्किंग और अन्य सुरक्षा उपायों को जल्द लागू करने की योजना बनाई गई है।

प्रशासन का मानना है कि तकनीकी सुधार और बेहतर यातायात प्रबंधन के जरिए सड़क दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है।

विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश

जिला प्रशासन ने सभी विभागों को विकास परियोजनाओं की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों से कहा गया कि समय सीमा के भीतर कार्य पूरे किए जाएं और गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए।

इसके अलावा निर्माण कार्यों की जियो-टैगिंग, फोटो अपलोडिंग और डिजिटल रिकॉर्ड रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि परियोजनाओं की प्रगति को वास्तविक समय में ट्रैक किया जा सके।

आमजन को होगा सीधा लाभ

QR कोड आधारित निगरानी व्यवस्था लागू होने के बाद नागरिकों को विकास कार्यों की जानकारी के लिए सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। मोबाइल फोन से ही परियोजना की पूरी जानकारी प्राप्त की जा सकेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल पारदर्शिता बढ़ाने, भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में मददगार साबित हो सकती है।

प्रशासन की मंशा

जिला प्रशासन का उद्देश्य विकास कार्यों को अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और जनसहभागिता आधारित बनाना है। साथ ही सड़क सुरक्षा उपायों को मजबूत कर दुर्घटनाओं में कमी लाने की दिशा में भी लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

यदि यह मॉडल सफल रहता है तो भविष्य में जिले की अन्य परियोजनाओं में भी QR कोड आधारित मॉनिटरिंग व्यवस्था को व्यापक


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