धौलपुर/राजाखेड़ा। ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जा रही जमीन के मुआवजे को लेकर राजाखेड़ा के किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। क्षेत्रीय विधायक और पीसीसी कोषाध्यक्ष रोहित बोहरा ने जानकारी दी है कि अब किसानों को उनकी जमीन का मुआवजा पहले की तुलना में दोगुना मिलेगा। लंबे समय से चली आ रही वार्ता और विधायक के हस्तक्षेप के बाद प्रशासन ने मुआवजे की राशि में भारी बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है।
मुआवजे का नया गणित: 4 लाख से बढ़कर हुए 9.5 लाख
विधायक रोहित बोहरा ने शुक्रवार को मीडिया से बातचीत करते हुए मुआवजे की विसंगतियों को दूर करने का ब्योरा साझा किया:
- प्रति बीघा दर: पहले किसानों को केवल 4 लाख रुपये प्रति बीघा की दर से भुगतान किया जा रहा था। अब इसे बढ़ाकर 9 से 9.5 लाख रुपये प्रति बीघा कर दिया गया है।
- कुल बजट में उछाल: राजाखेड़ा विधानसभा क्षेत्र के प्रभावित किसानों को पहले कुल 23 करोड़ रुपये का मुआवजा मिलना तय हुआ था, जो अब दोगुना होकर 46 करोड़ रुपये हो जाएगा।
- पड़ोसी राज्य से तुलना: विधायक ने बताया कि उत्तर प्रदेश में इसी प्रोजेक्ट के लिए 9 से 10 लाख रुपये का मुआवजा मिल रहा था, जिसके आधार पर उन्होंने राजस्थान के किसानों के लिए समान हक की मांग उठाई थी।
बिना संघर्ष और विवाद के सुलझा मामला
विधायक बोहरा ने इस उपलब्धि को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि आमतौर पर मुआवजे की बढ़ोतरी के लिए किसानों को बड़े आंदोलन या ‘लाठी-भाटा जंग’ का सहारा लेना पड़ता है। लेकिन यहाँ:
- हाईवे अथॉरिटी के अधिकारियों और जिला कलेक्टर के साथ लगातार बैठकों के जरिए दबाव बनाया गया।
- किसानों के पक्ष को मजबूती से रखने के लिए विधायक ने एक विशेष वकील भी नियुक्त किया।
- प्रशासनिक स्तर पर तर्कों और तथ्यों के साथ बात कर बिना किसी टकराव के किसानों का हक सुरक्षित किया गया।
दिवंगत भाजपा नेता को दी श्रद्धांजलि
मुआवजे की जानकारी देने से पहले विधायक रोहित बोहरा भाजपा नेता स्वर्गीय हरचरण सिंह जादौन के निवास पर पहुंचे। उन्होंने दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की और शोक संतप्त परिजनों से मिलकर ढांढस बंधाया।
मुआवजा बढ़ोतरी: एक नजर में (Table)
| विवरण | पहले की स्थिति | अब की स्थिति (नया फैसला) |
| मुआवजा दर (प्रति बीघा) | ₹4 लाख | ₹9 लाख से ₹9.5 लाख |
| कुल मुआवजा राशि | ₹23 करोड़ | ₹46 करोड़ |
| मुख्य लाभ | कम दर के कारण किसानों में असंतोष | बाजार दर के अनुरूप उचित भुगतान |
