झुंझुनूं: राजस्थान के झुंझुनूं जिले के चिड़ावा में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की टीम ने अजमेर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (AVVNL) की कनिष्ठ अभियंता (JEN) दीपिका को 15 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। जेईएन ने यह घूस कृषि कनेक्शन की विद्युत लाइन शिफ्ट करने की एवज में मांगी थी। एसीबी की कार्रवाई के दौरान आरोपी महिला अधिकारी गाड़ी में बैठने से मना करते हुए अपने छोटे बच्चों का वास्ता देती नजर आई।
क्या है पूरा मामला?
चिड़ावा भाजपा ग्रामीण मंडल अध्यक्ष विकास स्वामी ने एसीबी चौकी झुंझुनूं में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि उनके परिचित संदीप के कृषि कनेक्शन की विद्युत लाइन को शिफ्ट करने के बदले जेईएन दीपिका 25 हजार रुपए की रिश्वत मांग रही हैं।
- 15 हजार में तय हुआ था सौदा: बातचीत के बाद रिश्वत की यह रकम घटाकर 15 हजार रुपए तय की गई थी।
- सत्यापन के बाद ट्रैप: एसीबी ने शिकायत का सत्यापन कराया, जिसमें घूस मांगने की पुष्टि हो गई। इसके बाद सोमवार को एसीबी टीम ने चिड़ावा स्थित बिजली विभाग के खेतड़ी रोड कार्यालय में ट्रैप की कार्रवाई को अंजाम दिया।
- दराज से बरामद हुई रकम: परिवादी ने जैसे ही 15 हजार रुपए जेईएन दीपिका को दिए, उसने उन्हें अपनी टेबल पर रख लिया। एसीबी टीम के वहां पहुंचते ही उसने हड़बड़ाहट में पैसे टेबल की दराज में छिपा दिए। टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दराज से रिश्वत की रकम बरामद कर ली।
कार्रवाई के दौरान बोलीं- “मेरे बच्चे छोटे हैं”
भ्रष्टाचार के आरोप में पकड़े जाने के बाद जब एसीबी की टीम महिला जेईएन को अपने साथ गाड़ी में बिठाकर थाने ले जाने लगी, तो वह फफक पड़ीं। उन्होंने टीम से गुहार लगाते हुए कहा, “गाड़ी में मत बैठाओ, मेरे बच्चे छोटे हैं।” मूल रूप से खिरोड़ गांव की रहने वाली और नागौर जिले में ससुराल वाली इस JEN को पूछताछ के लिए चिड़ावा थाने ले जाया गया है।
गौरतलब है कि चिड़ावा में कुछ महीने पहले भी एवीवीएनएल के तत्कालीन सहायक अभियंता और सहायक प्रशासनिक अधिकारी को 30 हजार रुपए की घूस लेते एसीबी ने पकड़ा था, जिससे बिजली विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।