जिला कलक्टर अक्षय गोदारा प्रशासन को चुस्त-दुरुस्त करने के लिए बुधवार को एक्शन मोड में नजर आए। उन्होंने जिला मुख्यालय पर खेल संकुल, विद्युत विभाग के सहायक अभियंता कार्यालय और सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) सहित विभिन्न सार्वजनिक स्थलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि आमजन को मिलने वाली सुविधाओं में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सीवरेज प्लांट को शीघ्र चालू करने के निर्देश

निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट और पंप हाउस की स्थिति पर नाराजगी जताई। उन्होंने शहर की जल निकासी व्यवस्था की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि:
- बंद पड़े सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट को शीघ्र चालू किया जाए।
- STP प्लांट परिसर में नरेगा श्रमिकों के माध्यम से नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित हो।
- सीवरेज मोटर पंप हाउस की मरम्मत करवाई जाए।
- प्लांट की ओर जाने वाली मुख्य सड़क से झाड़ियों को हटाकर रास्ता साफ किया जाए।
- प्लांट में चल रहे अपग्रेडेशन और निर्माण कार्यों को समय सीमा में पूरा करें ताकि शहर में जलभराव की समस्या न हो।
खेल संकुल: खिलाड़ियों के लिए बेहतर माहौल पर जोर
खेल संकुल के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने परिसर की स्वच्छता को प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को बेहतर अभ्यास सत्र उपलब्ध कराने के लिए मैदानों को समतल करना और नियमित सफाई रखना अनिवार्य है। खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए उन्होंने व्यवस्थित वातावरण तैयार करने के निर्देश दिए।
बिजली विभाग: गर्मी में निर्बाध आपूर्ति और सुरक्षा प्राथमिकता

भीषण गर्मी को देखते हुए जिला कलक्टर ने विद्युत विभाग के सहायक अभियंता कार्यालय एवं स्टोर का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि:
- जिले में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
- शिकायतों का त्वरित निस्तारण हो और ट्रिपिंग की समस्या को कम किया जाए।
- हादसों को रोकने के लिए ढीले तारों को तुरंत कसवाया जाए और मेंटेनेंस कार्य को प्राथमिकता दें।
इस निरीक्षण के दौरान उपखण्ड अधिकारी एवं आयुक्त प्रेमराज मीणा सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
