राजस्थान की राजधानी जयपुर के करणी विहार थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक ऐसी वारदात सामने आई, जिसने मानवीय रिश्तों को शर्मसार कर दिया । महज 12 घंटे के भीतर जयपुर पुलिस ने एक अज्ञात शव की गुत्थी सुलझाते हुए खुलासा किया कि मृतक की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी अपनी ही पत्नी ने अपने नाबालिग बेटे के साथ मिलकर की थी । पुलिस ने आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है और साक्ष्य मिटाने में शामिल किशोर को निरुद्ध किया है ।
वारदात का खुलासा और पुलिसिया कार्रवाई
घटना का आगाज़ 2 अप्रैल 2026 को हुआ, जब पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि करणी विहार इलाके के एक सुनसान मैदान में संदिग्ध अवस्था में एक बोरा पड़ा है । पुलिस ने जब मौके पर पहुँचकर बोरे को खोला, तो उसके भीतर एक व्यक्ति का क्षत-विक्षत और अधजला शव मिला । शव की हालत इतनी खराब थी कि उसे पहचानना नामुमकिन था, जिससे साफ था कि कातिलों ने पहचान छिपाने के लिए उसे जलाने की कोशिश की थी । पुलिस उपायुक्त जयपुर पश्चिम के नेतृत्व में एफएसएल (FSL), डॉग स्क्वॉड और तकनीकी विशेषज्ञों की टीम ने तुरंत मोर्चा संभाला ।
CCTV फुटेज ने खोला राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने इलाके के सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों को खंगाला । जांच के दौरान एक फुटेज में एक महिला और एक किशोर साइकिल रिक्शा पर एक भारी बोरा ले जाते हुए दिखाई दिए । इसी सुराग ने पुलिस को संदिग्धों तक पहुँचाया। तकनीकी विश्लेषण और मुखबिरों की मदद से पुलिस ने मृतक की पहचान 35 वर्षीय शेख साहन के रूप में की, जो मूलतः पश्चिम बंगाल का निवासी था और वर्तमान में जयपुर में ही रह रहा था ।
हत्या की वजह: घरेलू हिंसा और शराब का तांडव
हिरासत में ली गई आरोपी पत्नी मौसमी ने पूछताछ में जो खुलासा किया, वह चौंकाने वाला था। मौसमी ने बताया कि उसका पति शेख साहन शराब का आदी था और आए दिन उसके व बच्चों के साथ बेरहमी से मारपीट करता था । वारदात वाले दिन भी साहन ने शराब पीकर घर में झगड़ा किया और पत्नी को पीटा । सालों से सह रही प्रताड़ना का बांध उस दिन टूट गया। गुस्से और नफरत में अंधी होकर मौसमी ने पहले हथौड़े से पति के सिर पर ताबड़तोड़ हमले किए और फिर गला दबाकर उसे मौत के घाट उतार दिया ।
सबूत मिटाने की नाकाम कोशिश
हत्या के बाद मौसमी ने अपने ही बेटे की मदद ली। दोनों ने मिलकर साहन की लाश को एक बोरे में भरा और सुनसान जगह पर फेंक आए । पहचान छिपाने के लिए उन्होंने डेडबॉडी के कुछ हिस्सों को आग के हवाले भी कर दिया था । हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी ने उन्हें 24 घंटे भी चैन की सांस नहीं लेने दी। पुलिस ने मौसमी को सलाखों के पीछे भेज दिया है और नाबालिग बेटे को बाल सुधार गृह भेजा गया है ।
III. केस का विश्लेषण (Case Analysis)
| विवरण | जानकारी |
| मृतक का नाम | शेख साहन (35 वर्ष) |
| मुख्य आरोपी | मौसमी (मृतक की पत्नी) |
| हथियार | हथौड़ा |
| वजह | शराब का नशा और घरेलू हिंसा |
| पुलिस की फुर्ती | 12 घंटे में मामला सुलझाया |
