जयपुर RTO और GST की बड़ी स्ट्राइक: स्लीपर बसों से हो रही अवैध माल ढुलाई पर लगाम, ऑन द स्पॉट हो रही सीज की कार्रवाई

जयपुर। राजधानी में यातायात नियमों और यात्री सुरक्षा को ताक पर रखकर कॉमर्शियल सामान ढो रही स्लीपर बसों पर प्रशासन ने कड़ा प्रहार किया है। जयपुर में परिवहन विभाग और वाणिज्यिक कर (GST) विभाग ने एक संयुक्त अभियान चलाकर नियम विरुद्ध तरीके से डिग्गियां बढ़ाकर माल परिवहन करने वाली बसों पर बड़ी कार्रवाई की है। परिवहन आयुक्त पुरुषोत्तम शर्मा के सख्त निर्देशों पर चलाए जा रहे इस अभियान के तहत पिछले दो दिनों में 20 से अधिक बसों को सीज किया गया है।

चेसिस से छेड़छाड़ कर बनाई गईं अवैध डिग्गियां

यह कार्रवाई मुख्य रूप से उन बसों पर की गई है, जिनमें बस की मूल संरचना (चेसिस) के साथ छेड़छाड़ कर बड़े स्तर पर माल परिवहन के लिए अवैध डिग्गियां बनाई गई थीं। आरटीओ प्रथम जयपुर राजेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि कई निजी स्लीपर बस ऑपरेटर यात्री वाहनों का दुरुपयोग कर रहे थे। वे इन बसों का उपयोग कॉमर्शियल लगेज और पार्सल ढोने के लिए कर रहे थे। इसके लिए बसों में जो अतिरिक्त डिग्गियां बनाई गई थीं, वह सीधे तौर पर ‘बस बॉडी कोड’ का गंभीर उल्लंघन है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस तरह के बदलाव न केवल अवैध हैं, बल्कि यह सड़क पर चलने वाले यात्रियों की सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा हैं।

पांच विशेष टीमों ने संभाला मोर्चा

आरटीओ प्रथम राजेंद्र सिंह शेखावत के निर्देशन में इस विशेष अभियान को अंजाम दिया गया। डीटीओ नाथु सिंह और रमेश पांडे के नेतृत्व में परिवहन विभाग की पांच टीमों ने शहर के अलग-अलग स्थानों पर एक साथ छापेमारी की। इन टीमों ने:

  • प्रमुख बस स्टैंड्स
  • हाईवे और बाईपास
  • शहर के प्रमुख एंट्री पॉइंट्स (प्रवेश द्वारों)

पर सघन जांच अभियान चलाया और नियम तोड़ रही बसों को धर दबोचा।

क्षमता से अधिक भार और GST विभाग की सख्ती

कार्रवाई के दौरान कई बसों में निर्धारित क्षमता से कहीं अधिक सामान भरा हुआ मिला, जिससे बसों का संतुलन बिगड़ने और दुर्घटना होने की आशंका बनी रहती है। परिवहन विभाग ने इसे गंभीर सुरक्षा चूक मानते हुए बसों को तुरंत सीज कर दिया।

वहीं, इस संयुक्त अभियान में जीएसटी (GST) विभाग की टीमें भी मौके पर मौजूद रहीं। सीज की गई बसों में मिले व्यावसायिक माल को जब्त कर जीएसटी अधिकारियों द्वारा उसकी बारीकी से जांच की जा रही है।

  • यदि माल बिना पक्के बिल या वैध दस्तावेजों के पाया जाता है, तो संबंधित व्यापारियों और ट्रांसपोर्टर्स से नियमानुसार टैक्स और भारी जुर्माना (शास्ति) वसूला जाएगा।

अब ‘ऑन द स्पॉट’ होगी सीज की कार्रवाई

आरटीओ प्रथम ने बस ऑपरेटरों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि जयपुर में अब अवैध डिग्गियां बढ़ाकर चलने वाली बसों को मौके पर ही सीज (On the spot seize) किया जाएगा। परिवहन विभाग ने सभी बस संचालकों को कड़े निर्देश दिए हैं कि वे तुरंत प्रभाव से नियमविरुद्ध बनाई गई अतिरिक्त डिग्गियों को हटा लें और अपनी बसों को निर्धारित ‘बस बॉडी कोड’ के अनुरूप ही संचालित करें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यात्री सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और यह चेकिंग अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा।

Share This Article
Leave a Comment