टोंक। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की जयपुर नगर तृतीय इकाई ने आज एक बड़ी कार्रवाई करते हुए टोंक जिले के दत्तवास थाने में तैनात एक सहायक उप-निरीक्षक (ASI) को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी एएसआई गणेश नारायण चौधरी ने एक परिवादी से उसके मामले में मदद करने और पुलिस द्वारा जब्त मोबाइल लौटाने के बदले 25,000 रुपये की मांग की थी।
मोबाइल के बदले मांगी थी ‘सेवा’
एसीबी महानिदेशक गोविन्द गुप्ता के अनुसार, परिवादी ने एसीबी की जयपुर नगर तृतीय इकाई में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि दत्तवास थाने में उसके विरुद्ध दर्ज प्रकरण संख्या 50/26 में मदद करने और पुलिस कब्जे में लिए गए उसके मोबाइल फोन को वापस सुपुर्द करने की एवज में एएसआई गणेश नारायण चौधरी 25,000 रुपये की रिश्वत मांग रहा है।
जाल बिछाकर किया ट्रेप
शिकायत का सत्यापन होने के बाद एसीबी उप महानिरीक्षक (द्वितीय) श्री ओमप्रकाश मीणा के सुपरविजन में ट्रेप की योजना बनाई गई।
- नेतृत्व: अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश नवल के नेतृत्व में टीम गठित की गई।
- कार्रवाई: उप अधीक्षक पुलिस सुरेश कुमार स्वामी और उनकी टीम ने घेराबंदी की। जैसे ही आरोपी एएसआई ने परिवादी से 25,000 रुपये की रिश्वत राशि ली, टीम ने उसे रंगे हाथों दबोच लिया।
पूछताछ और अग्रिम जांच जारी
एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव और महानिरीक्षक एस. परिमला के निर्देशन में आरोपी एएसआई से पूछताछ की जा रही है। एसीबी ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) के तहत मामला दर्ज कर लिया है और मामले में आगे का अनुसंधान किया जा रहा है।
