जयपुर, राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने स्वामी विवेकानन्द की जयन्ती और ‘राष्ट्रीय युवा दिवस’ (12 जनवरी) के अवसर पर प्रदेशवासियों, विशेषकर युवाओं को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। राज्यपाल ने युवाओं से आह्वान किया है कि वे स्वामी विवेकानन्द के विचारों को अपने जीवन में आत्मसात करें और राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें।
विवेकानन्द के विचार ‘विकसित भारत’ का आधार
राज्यपाल बागडे ने अपने संदेश में कहा कि स्वामी विवेकानन्द का संपूर्ण जीवन भारतीय उदात्त जीवन मूल्यों और वैश्विक बंधुत्व का संवाहक रहा है। उन्होंने कहा:
“स्वामी विवेकानन्द के जीवन मूल्य और उनकी शिक्षाएं आज के समय में और भी अधिक प्रासंगिक हैं। युवाओं को उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर ‘विकसित भारत 2047’ की संकल्पना को साकार करने के लिए समर्पित भाव से कार्य करना चाहिए।”
युवा शक्ति से नव-निर्माण की अपील
श्री बागडे ने युवाओं को देश की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि युवाओं के भीतर छिपी असीमित ऊर्जा ही भारत को वैश्विक गुरु के पद पर पुनः स्थापित कर सकती है। उन्होंने कहा कि युवाओं को न केवल अपने करियर पर ध्यान देना चाहिए, बल्कि समाज के प्रति अपने उत्तरदायित्वों को समझते हुए देश के नव-निर्माण में सहभागी बनना चाहिए।
कल राजभवन में होंगे विशेष कार्यक्रम
राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर प्रदेश भर के शिक्षण संस्थानों और राजभवन में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जहाँ स्वामी विवेकानन्द के कृतित्व और व्यक्तित्व पर चर्चा होगी। राज्यपाल ने विश्वास जताया कि विवेकानन्द के ‘उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो’ के मंत्र को अपनाकर राजस्थान के युवा नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे।
