JLF 2026: बानो मुश्ताक का 33 साल का लेखकीय सफर, बोलीं- ‘विभाजित करने वाली दुनिया में और ज्यादा लिखना जरूरी’

जयपुर, जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल (JLF 2026) के फ्रंट लॉन में आयोजित एक विशेष सत्र में प्रख्यात लेखिका बानो मुश्ताक ने अपने तीन दशकों से अधिक के लेखकीय अनुभव साझा किए। उन्होंने इस दौरान वर्तमान सामाजिक बदलावों, अपनी हालिया उपलब्धियों और लेखन के प्रति नई पीढ़ी के जुनून पर खुलकर चर्चा की।

माता-पिता अब बच्चों को लेखक बनाना चाहते हैं

बानो मुश्ताक ने समाज में आ रहे एक बड़े बदलाव की ओर इशारा करते हुए कहा कि आज की पीढ़ी के साथ-साथ उनके माता-पिता भी जागरूक हुए हैं। उन्होंने बताया:

“पहले माता-पिता चाहते थे कि उनका बच्चा खिलाड़ी या कलाकार बने, लेकिन अब वे चाहते हैं कि उनका बच्चा लेखक बने। अभिभावक अब खुद प्रकाशकों से संपर्क कर रहे हैं और बच्चों की किताबें छपवाने के लिए सक्रिय हैं, जो साहित्य के भविष्य के लिए एक शुभ संकेत है।”

बुकर पुरस्कार और कन्नड़ साहित्य की जीत

सत्र के दौरान उन्होंने अपनी हालिया अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है कि बुकर पुरस्कार के इतिहास में पहली बार किसी लघु कहानी संग्रह को सम्मानित किया गया। साथ ही, कन्नड़ जैसी क्षेत्रीय भाषा की कृति को यह वैश्विक सम्मान मिलना भारतीय साहित्य की बड़ी जीत है। उन्होंने अपनी आयु का उल्लेख करते हुए कहा कि बुकर पाने वाली सबसे वरिष्ठ लेखिका होना भी उनके लिए एक सुखद रिकॉर्ड है।

सोशल मीडिया पर वायरल भाषण का रहस्य

इंटरनेशनल बुकर प्राइज जीतने के बाद उनके द्वारा दिए गए स्वीकृति भाषण की काफी चर्चा हुई। उन्होंने उस चर्चित पंक्ति को दोहराया: “एक ऐसी दुनिया में जो हमें बांटने की कोशिश करती है, हमें और ज़्यादा लिखना चाहिए।” उन्होंने एक दिलचस्प खुलासा करते हुए बताया कि उन्होंने यह भाषण पुरस्कार की घोषणा से 5 दिन पहले ही लिख लिया था, हालांकि उस समय उन्हें जीत का पूरा भरोसा नहीं था। उन्होंने सहयोगियों की सलाह पर इसे तैयार किया और अंततः जूरी ने उनके काम को इतिहास का हिस्सा बना दिया।

युवा लेखकों को मंत्र: ‘योजना मत बनाइए, बस लिखिए’

नए लेखकों को प्रेरित करते हुए बानो मुश्ताक ने एक सीधा और सशक्त संदेश दिया। उन्होंने कहा कि लेखन केवल पुरस्कारों के लिए नहीं, बल्कि इंसानियत को बचाए रखने का माध्यम है। उन्होंने युवाओं से कहा:

“लिखने की योजना मत बनाइए, बस लिखना शुरू कीजिए। लिखिए, लिखिए और लगातार लिखिए। यही सफलता का एकमात्र रास्ता है।”

Share This Article
Leave a Comment
error: Content is protected !!