‘कैला मैया’ के जयकारों से गूंजी करौली: आज से लक्खी मेले का आगाज, श्रद्धालुओं के लिए 300 एक्स्ट्रा बसें और चाक-चौबंद सुरक्षा

करौली: उत्तर भारत के प्रसिद्ध मेलों में शुमार शक्तिपीठ कैलादेवी का चैत्र लक्खी मेला सोमवार (16 मार्च) से विधिवत रूप से शुरू हो चुका है। यह मेला 1 अप्रैल तक चलेगा। मेले के पहले ही दिन हिण्डौन से लेकर कैलादेवी तक की सड़कें पदयात्रियों से पट गई हैं और पूरा इलाका ‘कैला मैया’ के जयकारों से भक्तिमय हो गया है। इस वर्ष मेले में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, दिल्ली और हरियाणा सहित विभिन्न राज्यों से 50 लाख से 70 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना है।

सड़कों पर उमड़ी आस्था, जगह-जगह भंडारे
हिण्डौन-करौली मार्ग पर पदयात्रियों का जनसैलाब उमड़ पड़ा है। हाथों में विशाल ध्वज (पताकाएं) लिए श्रद्धालु पैदल ही दरबार की ओर बढ़ रहे हैं। श्रद्धालुओं की सेवा के लिए सामाजिक संगठनों ने जगह-जगह निशुल्क भंडारे, विश्राम स्थल और चिकित्सा शिविर लगाए हैं। राजस्थान रोडवेज ने भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 300 अतिरिक्त विशेष बसें संचालित की हैं।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम: चप्पे-चप्पे पर पुलिस
पुलिस अधीक्षक लोकेश सोनवाल ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के लिए 1300 पुलिस जवान और होमगार्ड तैनात किए गए हैं। साथ ही 55 उच्चाधिकारी (ASP, DSP, SI) मेले की निगरानी कर रहे हैं। कालीसिल नदी के घाटों पर सुरक्षा के लिए जाल बिछाया गया है और 12 गोताखोर तैनात किए गए हैं।

मंदिर ट्रस्ट की हाईटेक व्यवस्थाएं
श्रद्धालुओं की सुगमता के लिए मंदिर ट्रस्ट ने व्यापक इंतजाम किए हैं:

निगरानी: चप्पे-चप्पे की निगरानी के लिए 320 CCTV कैमरे और 350 अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी लगाए गए हैं।

सुविधाएं: दिव्यांगों और बुजुर्गों के लिए व्हीलचेयर और 5 ई-रिक्शा उपलब्ध हैं।

स्वच्छता: 200 से अधिक सफाईकर्मी तैनात हैं और मेला क्षेत्र में पॉलीथिन पर पूर्ण प्रतिबंध है।

पेयजल: 25 जल प्याऊ और आरओ प्लांट के जरिए ठंडे पानी की व्यवस्था की गई है।

आपातकाल: मंदिर परिसर में 12 इमरजेंसी गेट बनाए गए हैं और 24 घंटे चिकित्सा सेवा के साथ दो एंबुलेंस मौजूद हैं।

कलेक्टर ने बाइक पर लिया जायजा


मेले के सुचारू संचालन के लिए जिला कलेक्टर नीलाभ सक्सेना ने एक अनूठी मिसाल पेश की। उन्होंने रविवार को खुद बाइक चलाकर करौली से कैलादेवी मार्ग तक का जमीनी निरीक्षण किया। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सफाई, रोशनी और पेयजल व्यवस्था में कोई कोताही न बरती जाए। मेला मजिस्ट्रेट करौली एसडीएम प्रेमराज मीना सहायक मेला मजिस्ट्रेट मंडरायल एसडीएम अनिल कुमार जैन को नियुक्त किया गया है। मेले के सफल आयोजन के लिए जिला परिषद के CEO शिवचरण मीणा को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

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