मजदूर के बेटे से NSUI के ‘नेशनल प्रेसिडेंट’ तक: राजस्थान के विनोद जाखड़ ने दिल्ली में रचा इतिहास

जयपुर: राजस्थान की छात्र राजनीति ने आज राष्ट्रीय स्तर पर अपना लोहा मनवा लिया है। 20 फरवरी 2026 का दिन इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया है, क्योंकि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) ने राजस्थान के कद्दावर छात्र नेता विनोद जाखड़ को भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) का नया राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया है।

55 साल के इतिहास में पहली बार राजस्थान को कमान

NSUI के 55 साल के गौरवशाली इतिहास में यह पहली बार है जब संगठन की बागडोर राजस्थान के किसी नेता को सौंपी गई है। विनोद जाखड़ वर्तमान में राजस्थान NSUI के प्रदेश अध्यक्ष थे। राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के ‘युवा विजन’ पर खरा उतरने के कारण उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी दी गई है।

संघर्ष की मिसाल: मिस्त्री के बेटे ने तय किया दिल्ली का सफर

विनोद जाखड़ की सफलता की कहानी बेहद प्रेरणादायक है। जयपुर के पास एक साधारण परिवार में जन्मे विनोद के पिता पेशे से एक मिस्त्री (प्लास्टर का काम करने वाले) हैं। विनोद ने अपनी शुरुआती शिक्षा उसी स्कूल में प्राप्त की, जहां उनके पिता मजदूरी कर रहे थे। एक साधारण बैकग्राउंड से निकलकर दिल्ली के गलियारों तक पहुंचना उनके कड़े संघर्ष को दर्शाता है।

2018 की वो ‘निर्दलीय’ जीत जिसने बदली किस्मत

विनोद जाखड़ पहली बार चर्चा में तब आए जब 2018 के राजस्थान यूनिवर्सिटी छात्रसंघ चुनाव में NSUI ने उन्हें टिकट नहीं दिया था। उन्होंने हार नहीं मानी और निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़कर न केवल जीत दर्ज की, बल्कि राजस्थान कॉलेज के पहले दलित अध्यक्ष भी बने। उनकी इस जीवटता ने ही उन्हें गांधी परिवार का भरोसेमंद बनाया।

इस नियुक्ति के क्या हैं मायने?

  • दलित कार्ड और जातीय समीकरण: कांग्रेस ने एक दलित युवा चेहरे को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाकर देश के एससी (SC) वोट बैंक को साधने की कोशिश की है।
  • युवा नेतृत्व को तरजीह: विनोद जाखड़ को राजस्थान में छात्रसंघ चुनाव बहाली और आरएसएस के विरोध जैसे आंदोलनों के लिए जाना जाता है। उनकी नियुक्ति से देशभर के छात्र कार्यकर्ताओं में नया जोश भरेगा।
  • राजस्थान का बढ़ता कद: दिल्ली की राजनीति में राजस्थान के युवाओं के लिए अब नए रास्ते खुलेंगे।

विनोद जाखड़ ने अपनी नियुक्ति के बाद शीर्ष नेतृत्व का आभार जताया और कहा कि उनका लक्ष्य देशभर के छात्रों की आवाज को बुलंद करना और संगठन को नई ऊंचाइयों पर ले जाना है।

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