कोटा: हाड़ौती अंचल के रेल और सड़क यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। राजस्थान रोडवेज ने यात्री भार और मांग को देखते हुए कोटा, बूंदी और बारां जिलों को कुल 24 नई बसें आवंटित की हैं। इनमें डीलक्स, एसी और साधारण श्रेणी की बसें शामिल हैं। इस नए बेड़े के आने से लंबे समय से वाहनों की कमी के कारण बंद पड़े लंबी दूरी के रूटों को पुनर्जीवित करने की तैयारी पूरी कर ली गई है।
अहमदाबाद और वडोदरा के लिए फिर दौड़ेंगी बसें
कोटा डिपो के चीफ मैनेजर अजय कुमार मीणा ने बताया कि नई बसों के शामिल होने से अब कोटा संभाग से उदयपुर, जोधपुर, जयपुर और अहमदाबाद जैसे प्रमुख शहरों के लिए सीधी और आरामदायक बस सेवाएं उपलब्ध होंगी। वहीं, बूंदी डिपो के चीफ मैनेजर घनश्याम शर्मा के अनुसार, डीलक्स बसों के अभाव में बंद की गई वडोदरा और अहमदाबाद की रात्रिकालीन सेवाओं को अब फिर से शुरू किया जा रहा है। इससे व्यापारियों और छात्रों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
किस डिपो के हिस्से आईं कितनी बसें?
| डिपो का नाम | बसों की संख्या | विशेष विवरण |
| कोटा डिपो | 09 | इसमें 2 हाई-टेक एसी बसें शामिल हैं |
| बूंदी डिपो | 08 | डीलक्स और साधारण श्रेणी की बसें |
| बारां डिपो | 07 | क्षेत्रीय कनेक्टिविटी के लिए साधारण बसें |
207 बसों के महा-बेड़े का हिस्सा
विदित रहे कि राजस्थान दिवस (19 मार्च) के अवसर पर मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने प्रदेश की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए 207 नई बसों को हरी झंडी दिखाई थी। रोडवेज एमडी पुरुषोत्तम शर्मा के अनुसार, इन नई बसों में 100 ब्लूलाइन एक्सप्रेस, 79 स्टार लाइन और 28 अत्याधुनिक एसी बसें शामिल हैं, जिन्हें चरणबद्ध तरीके से प्रदेश के विभिन्न डिपो में भेजा जा रहा है।
आय में सुधार और बेहतर कनेक्टिविटी की उम्मीद
रोडवेज अधिकारियों को उम्मीद है कि नई और आरामदायक बसों के संचालन से न केवल यात्रियों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि विभाग की आय में भी इजाफा होगा। विशेष रूप से रात्रिकालीन सेवाओं के शुरू होने से निजी बसों की मनमानी पर लगाम लगेगी और यात्रियों को सुरक्षित सफर का विकल्प मिलेगा।
