जयपुर, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से कदम बढ़ा रहा है। प्रदेश की इस प्रगति की गूंज अब राष्ट्रीय स्तर पर भी सुनाई दे रही है। दिल्ली में आयोजित ऑल इंडिया डिस्कॉम्स एसोसिएशन के वार्षिक सम्मान समारोह में राजस्थान डिस्कॉम्स को पीएम कुसुम योजना (कम्पोनेन्ट-सी) में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ‘गोल्ड अवॉर्ड’ से नवाजा गया है।
बुधवार शाम को राजस्थान डिस्कॉम्स की चेयरमैन आरती डोगरा ने यह प्रतिष्ठित अवॉर्ड मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा को भेंट किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश की ऊर्जा टीम की पीठ थपथपाई।
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने प्रदान किया सम्मान
यह सम्मान केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल द्वारा प्रदान किया गया। राजस्थान को यह पुरस्कार विशेष रूप से कृषि क्षेत्र में सौर ऊर्जा के नवाचारों और पीएम कुसुम योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए दिया गया है। राजस्थान अब देश के उन अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है जो सौर ऊर्जा के माध्यम से किसानों को सशक्त बना रहे हैं।
2027 तक दिन में बिजली देने का संकल्प होगा पूरा
इस उपलब्धि पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा:
“प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में हमारी सरकार किसानों को सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। सौर ऊर्जा और सोलर पंप के उपयोग से न केवल खेती की लागत कम होगी, बल्कि किसानों की आय में भी वृद्धि होगी। यह अवॉर्ड हमारे उस संकल्प को मजबूती देता है, जिसके तहत हम वर्ष 2027 तक प्रदेश के किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराने का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं।”
राजस्थान डिस्कॉम्स के लिए गौरव का क्षण
मुख्यमंत्री ने इस सफलता का श्रेय डिस्कॉम्स के अधिकारियों और कर्मचारियों की मेहनत को दिया। ऊर्जा क्षेत्र में किए गए नीतिगत फैसलों और सुधारों के कारण राजस्थान में बिजली वितरण प्रणाली सुदृढ़ हुई है और सौर ऊर्जा का दोहन बढ़ा है।
