राष्ट्र निर्माण और समाज की वैचारिक दिशा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से करौली जिले के सपोटरा उपखंड मुख्यालय पर एक महत्वपूर्ण बौद्धिक चर्चा का आयोजन किया गया। स्थानीय उच्च माध्यमिक आदर्श विद्या मंदिर परिसर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS), सपोटरा के तत्वावधान में आयोजित इस ‘प्रबुद्ध जन गोष्ठी’ में क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
राष्ट्र की उन्नति में बौद्धिक वर्ग का उत्तरदायित्व
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राजस्थान क्षेत्र के प्रांत बौद्धिक शिक्षण प्रमुख सुरेश कुन्तल रहे। अपने संबोधन में उन्होंने देश की वर्तमान परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि “किसी भी राष्ट्र की वैचारिक और सांस्कृतिक दिशा तय करने में उस समाज के प्रबुद्ध (बौद्धिक) वर्ग का योगदान सबसे महत्वपूर्ण होता है। समाज के वे लोग जो शिक्षा, कानून, चिकित्सा और व्यापार जैसे क्षेत्रों में नेतृत्व करते हैं, उन पर राष्ट्र निर्माण की नैतिक जिम्मेदारी भी अधिक होती है।”
10 विभिन्न श्रेणियों के 200 नागरिक रहे मौजूद
इस गोष्ठी की खास बात यह रही कि इसमें समाज के अलग-अलग 10 प्रमुख कार्यक्षेत्रों (जैसे- शिक्षा, चिकित्सा, विधि/कानून, व्यापार और समाजसेवा आदि) से जुड़े लगभग 200 प्रबुद्ध नागरिकों ने शिरकत की। वक्ताओं ने समाज में व्याप्त कुरीतियों को दूर करने और सकारात्मक राष्ट्रवाद की भावना को निचले स्तर तक ले जाने का आह्वान किया।
संगठनात्मक उपस्थिति और मंच संचालन
कार्यक्रम का कुशल संचालन विभाग गौ सेवा प्रमुख लखन लाल द्वारा किया गया। इस अवसर पर संघ के वरिष्ठ कार्यकर्ता बनवारी लाल मंगल, जिला सह संपर्क प्रमुख पवन गुप्ता, खंड कार्यवाह मदनमोहन, खंड सम्पर्क प्रमुख अवधराज सिंह और नगर कार्यवाह बालकृष्ण सहित कई दायित्ववान कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
सामूहिक संकल्प के साथ समापन
गोष्ठी के अंत में उपस्थित सभी प्रबुद्ध नागरिकों ने राष्ट्र की उन्नति, अखंडता और सामाजिक समरसता के लिए कार्य करने का सामूहिक संकल्प लिया। कार्यक्रम में सपोटरा नगर के कई प्रतिष्ठित व्यवसायी, सेवानिवृत्त अधिकारी और प्रबुद्ध जन उपस्थित रहे, जिन्होंने इस प्रकार के आयोजनों को वैचारिक आदान-प्रदान के लिए एक सशक्त माध्यम बताया।
